पहलगाम आतंकी हमला, ऑपरेशन सिंदूर और वैश्विक कूटनीति: चीन-पाकिस्तान की साजिश और भारत की रणनीतिक प्रतिक्रिया
✍️ लेख संरचना: 1. भूमिका 2. पहलगाम हमला: आतंकवाद का नया चेहरा 3. ऑपरेशन सिंदूर: निर्णायक सैन्य कार्रवाई 4. प्रधानमंत्री की रूस यात्रा स्थगन: क्या यह साजिश सफल रही? 5. अरब देशों की प्रस्तावित यात्रा का दबाव और उसका स्थगन 6. चीन-पाकिस्तान की जुगलबंदी: रणनीति, उद्देश्य और कार्यशैली 7. भारत की बहुस्तरीय प्रतिक्रिया: सैन्य, कूटनीतिक और सामाजिक 8. निष्कर्ष: एक निर्णायक भारत बनाम एक षड्यंत्रकारी द्वंद्व --- 1. भूमिका 2025 का वसंत भारत के लिए केवल मौसम का बदलाव नहीं, बल्कि एक भयंकर रणनीतिक परीक्षण का समय था। 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम (जम्मू-कश्मीर) में हुआ आतंकवादी हमला और उसके जवाब में भारत द्वारा चलाया गया “ऑपरेशन सिंदूर”, एक ऐसे भू-राजनीतिक परिदृश्य को उजागर करते हैं, जहां आतंकवाद केवल हथियारों से नहीं, बल्कि वैश्विक रणनीतियों के हथकंडों से भी पोषित हो रहा है। इस लेख में हम विश्लेषण करेंगे कि कैसे यह हमला केवल स्थानीय या सांप्रदायिक नहीं, बल्कि भारत की वैश्विक कूटनीति को रोकने के लिए एक सुनियोजित चीन-पाकिस्तान गठबंधन का हिस्सा था। कैसे भारत ने इस चुनौती का न केवल सैन्य, बल्कि कूटनीतिक ...