दशरथ मांझी : "माउंटेन मैन"
दशरथ मांझी, जिन्हें "माउंटेन मैन" के नाम से जाना जाता है, एक ऐसे अद्वितीय व्यक्ति थे जिन्होंने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति और संघर्ष के बल पर पहाड़ को तोड़कर रास्ता बना दिया। उनके जीवन का हर पहलू प्रेरणादायक है, और उनकी जयंती पर हमें उनके संघर्ष और समर्पण को याद करना चाहिए। दशरथ मांझी का जन्म बिहार राज्य के गया जिले में हुआ था। वे गरीब थे, लेकिन उनका दिल विशाल था। उनकी पत्नी की मौत एक पहाड़ी रास्ते के कारण अस्पताल न पहुँच पाने की वजह से हो गई थी, और इसी घटना ने दशरथ मांझी को यह प्रण लेने के लिए प्रेरित किया कि वे पहाड़ को काटकर रास्ता बनाएंगे। उन्होंने अकेले ही 22 वर्षों तक इस काम को किया और अंततः एक पहाड़ को काटकर रास्ता बना दिया, जिससे पूरे गांव को फायदा हुआ और अस्पताल तक पहुंचने का रास्ता आसान हो गया। उनकी जयंती पर हमें यह समझना चाहिए कि सफलता किसी भी बाहरी परिस्थिति या संसाधनों पर निर्भर नहीं होती, बल्कि यह हमारी मेहनत, इच्छाशक्ति और समर्पण पर निर्भर करती है। दशरथ मांझी ने यह साबित किया कि अगर मन में मजबूत संकल्प हो, तो कोई भी मुश्किल हमें हमारे लक्ष्य से दूर नहीं कर सकती। उनक...